जेट एयरवेज के नरेश गोयल को इनकम टैक्स डिपार्टमेंट का समन

जेट एयरवेज के नरेश गोयल को इनकम टैक्स डिपार्टमेंट का समन

नई दिल्ली : जेट एयरवेज के संस्थापक नरेश गोयल से कथित टैक्स चोरी मामले में पूछताछ के लिए इनकम टैक्स (IT) डिपार्टमेंट ने समन जारी किया है। इस मामले से जुड़े सूत्रों ने यह जानकारी दी। ऐसा पहली बार है जब एक प्रवर्तन एजेंसी ने बंद हो चुकी एयरलाइन में कथित अनियमितताओं के संबंध में गोयल को समन भेजा है। डिपार्टमेंट की जांच शाखा ने पिछले साल एयरलाइन के मुंबई स्थित दफ्तरों में सर्च के दौरान दस्तावेज सीज कर दिए थे। यह जांच फरवरी में पूरी हुई और रिपोर्ट को असेसमेंट विंग के पास भेज दिया गया।

650 करोड़ की टैक्स चोरी!
डिपार्टमेंट के इन्वेस्टिगेशन विंग को जेट एयरवेज और इसकी दुबई स्थित ग्रुप कंपनियों के बीच लेनदेन में कथित तौर पर अनियमितताएं मिलीं। सूत्रों का कहना है कि इनका उद्देश्य 650 करोड़ रुपये का टैक्स चोरी करना था। जांच में पाया गया कि एयरलाइन हर साल दुबई में अपने जनरल सेल्स एजेंट को कमीशन का भुगतान करती थी, जो ग्रुप यूनिट का ही एक हिस्सा है।

संदिग्ध लेनदेन पर मांगा स्पष्टीकरण
इनकम टैक्स ऐक्ट के तहत जायज बिजनस ट्रांजैक्शन की तुलना में ये कथित लेनदेन कहीं ज्यादा था। यह स्वीकार्य खर्चों के अतिरिक्त और टैक्स की सीमा से बाहर था। इनकम टैक्स अधिकारी ने कहा, 'यह सर्वे उस समय किया गया जब जेट एयरवेज अपनी जून तिमाही के परिणामों के ऐलान में देरी कर रही थी।' गोयल को इन संदिग्ध लेनदेन और भुगतानों का स्पष्टीकरण देने के लिए समन भेजा गया है। एक दूसरे व्यक्ति ने कहा, 'असेसमेंट विंग अब पूछताछ कर रही है, और इसके परिणामों के आधार पर ही इस मामले में गोयल को समन भेजा गया है।' जेट एयरवेज ने इस बारे में कोई टिप्पणी करने से इनकार कर दिया।